लेह , लद्दाख में सोमवार को पूर्ण राज्य का दर्जा और छठी अनुसूची को लेकर एक बार फिर हजारों लोग सड़कों पर उतर आए। केंद्र सरकार के साथ बातचीत में गतिरोध के चलते क्षेत्र के राजनीतिक नेतृत्व ने पूरी तरह से बंद का आह्वन किया था।
लद्दाख के दो प्रतिनिधि संगठन एपेक्स बॉडी लेह (एबीएल) और कारगिल डेमोक्रेटिक अलायंस (केडीए) 15 सदस्यीय उच्चाधिकार प्राप्त कमेटी (एचपीसी) के हिस्से के तौर पर केंद्रीय गृह मंत्रालय के साथ बातचीत कर रहे हैं। उन्होंने ही लेह और कारगिल में इस बंद का आह्वन किया था।
लेह और कारगिल दोनों जगहों पर बाजार बंद रहे। लोग बैनर लेकर मुख्य बाजारों से गुजरे, जिसमें संविधान की छठी अनुसूची के तहत सुरक्षा उपाय लागू करने की मांग की गई थी। जांस्कर के दूरदराज के इलाकों ने भी केडीए और एबीएल द्वारा बुलाई गई इस हड़ताल में हिस्सा लिया।
