जालंधर:- मां बगलामुखी धाम गुलमोहर सिटी नज़दीक लमांपिंड चौंक जालंधर में सप्ताहिक दिव्य हवन यज्ञ का आयोजन मदिंर परिसर में किया गया।
उन्होंने कहा कि परमात्मा व उनकी मूर्ति में श्रद्धा, ईश्वरीय शक्ति में विश्वास, सम्मान, बड़े व गुरुजनों के प्रति सम्मान आदि यह सब संस्कार अध्यात्म से बचपन में ही प्राप्त हो जाते हैं। मनुष्य का जन्म होता हैं, बड़ा, जवान, वृद्ध हो जाता हैं। इस जीवन रूपी यात्रा में वह अध्यात्म से बहुत कुछ सीखता हैं और अनुभव भी करता हैं। अध्यात्म से व्यक्ति को भीतर से आत्मविश्वास व मानसिकत बल मिलता हैं, व्यक्ति चाहे कैसा भी जीवन जी रहा हो, मन अशांत, व्याकुल या अस्थिर हो, ऐसे में यदि उसे अध्यात्म का सहारा मिल जाये तो जीवन की यात्रा और सुगम व सरल हो जाती हैं। उन्होंने कहा कि जिस व्यक्ति के जीवन में अध्यात्म हो उसे भीतर से सकारात्मक ऊर्जा का बल प्राप्त होता है।
इस अवसर पर राकेश प्रभाकर,विशु सभरवाल, जंग बहादुर शर्मा,अमरेंद्र कुमार गुरप्रीत सिंह, विरेंद्र सिंह, अमन शर्मा,वरुण, नितिश, भोला शर्मा,दीलीप, लवली, लक्की, रोहित , पप्पू ठाकुर, बलदेव सिंह भारी संख्या में भक्तजन मौजूद थे।
हवन-यज्ञ उपरांत विशाल लंगर भंडारे का आयोजन किया गया।
