Business Khas

Latest news
ਕੁੰਗਫੂ ਮੁਕਾਬਲੇ ਵਿੱਚ ਖਿਡਾਰੀਆਂ ਨੇ ਮਾਰੀਆਂ ਮੱਲਾਂ ਗਰਭਵਤੀ ਸੀ ਜ਼ਿੰਦਾ ਸਾੜੀ ਗਈ ਮਨਜੀਤ ਕੌਰ; ਪਹਿਲਾਂ ਕੀਤੀ ਗਈ ਸੀ ਕਿਡਨੈਪਿੰਗ ਦੁੱਧ ਤੋਂ ਲੈ ਕੇ ਬੋਰਡਿੰਗ ਪਾਸ ਤੱਕ, 1 ਸਤੰਬਰ ਤੋਂ ਬਦਲ ਰਹੇ ਹਨ ਇਹ 5 ਨਿਯਮ ਪੰਜਾਬ ਯੂਨੀਵਰਸਟੀ ਵਿਦਆਰਥੀ ਚੋਣਾਂ ਵਿਚ ਸੱਥ ਸੰਸਥਾਂ ਦੇ ਉਮੀਦਵਾਰਾਂ ਨੂੰ ਜਿਤਾਓ ਸਿੱਖ ਤਾਲਮੇਲ ਰਾਹੁਲ ਗਾਂਧੀ ਦੇ ਪੰਜਾਬ ਦੌਰੇ ‘ਤੇ ਸਸਪੈਂਸ ਖ਼ਤਮ ਲੁਧਿਆਣਾ ‘ਚ ਨਾਬਾਲਗ ਨੂੰ ਨਸ਼ਾ ਦੇ ਕੇ ਕੀਤਾ ਜਬਰ-ਜ਼ਨਾਹ 50 KM ਪ੍ਰਤੀ ਘੰਟਾ ਦੀ ਰਫ਼ਤਾਰ ਨਾਲ ਤੂਫਾਨ, ਚਾਰ ਦਿਨ ਲਗਾਤਾਰ ਮੀਂਹ ਭਾਈ ਸਰਬਜੀਤ ਸਿੰਘ ਐਮ ਪੀ ਦੀ ਸਿਹਤ ਵਿਗੜੀ ਸਿੱਖ਼ ਤਾਲਮੇਲ ਕਮੇਟੀ ਦੇ ਮੈਂਬਰ ਹਾਲ ਚਾਲ ਪਤਾ ਕਰਨ ਪੁਹੰਚੇ US Open ਦੇ ਸੈਮੀਫਾਈਨਲ ‘ਚ ਪਤੀ-ਪਤਨੀ ਦੀ ਜੋੜੀ ਦਾ ਧਮਾਲ ਵੰਦੇ ਮਾਤਰਮ ਨੂੰ ਲਾਗੂ ਕਰਨ ਦੇ ਫੈਸਲੇ ਖ਼ਿਲਾਫ਼ ਚਿੰਤਾ, ਅਕਾਲ ਤਖ਼ਤ ਸਾਹਿਬ ਵਿਖੇ ਸੌਂਪਿਆਂ ਮੰਗ ਪੱਤਰ

पशुओं को मुंह- खुर की बीमारी से बचाने के लिए नि:शुल्क टीकाकरण अभियान सोमवार से

जालंधर, पंजाब सरकार द्वारा पशुओं को मुंह-खुर की बीमारी से बचाने के लिए शुरू किए राज्यव्यापी अभियान के तहत 21 अक्तूबर से जिले में पशुओं को मुफ्त टीकाकरण किया जाएगा।

पशुपालन विभाग जालंधर के डिप्टी डायरेक्टर डाॅ. राम मूर्ति मट्टू ने जानकारी देते हुए बताया कि पशुपालन, मत्स्य पालन एवं डेयरी विकास मंत्री गुरमीत सिंह खुड्डियां और डायरेक्टर पशुपालन विभाग डा. जी.एस. बेदी के दिशा-निर्देशों के अनुसार विभाग सोमवार से निःशुल्क टीकाकरण अभियान शुरू किया जा रहा है, जिसके तहत जिले के सभी अधिकारियों और कर्मचारियों को टीकाकरण अभियान के सफल क्रियान्वयन के लिए आवश्यक दिशा-निर्देश पहले ही दिए जा चुके है।
उन्होंने बताया कि इस अभियान के उचित संचालन के लिए जिले में कुल 28 टीमों का गठन किया गया है और कुल 3,38,600 वैक्सीन की खुराक प्राप्त हुई है।
उन्होंने कहा कि विभाग के अधिकारी एवं कर्मचारी पशुपालकों के घर जाकर पशुओं को इस रोग से बचाने के लिए निःशुल्क टीकाकरण करेंगे। उन्होंने कहा कि अधिकारियों/कर्मचारियों को लगाए गए टीके की रिपोर्ट प्रतिदिन अपनी-अपनी तहसीलों के सीनियर वेटरनरी अधिकारियों को प्रस्तुत करनी होगी।
उन्होंने बताया कि पशुपालन विभाग जालंधर के सहायक डा. अनिल कुमार इस अभियान के नोडल पदाधिकारी होंगे जबकि सहायक डायरेक्टर डा. बलबीर सिंह को सहायक नोडल अधिकारी नियुक्त किया गया है। उन्होंने जिले के सभी पशुपालकों एवं किसानों से अपील की है कि वे इस अभियान में पशुपालन विभाग के अधिकारियों एवं कर्मचारियों का सहयोग करें तथा अपने पशुओं को बीमारी से बचाने के लिए टीकाकरण अवश्य करवाएं।